पूर्व सैनिक ने कुबूली अपनी वाइफ की हत्या की बात, कहा-हां पत्नी को....
हैदराबाद। तेलंगाना में एक पूर्व सैनिक को अपनी पत्नी हत्या कर शव के टुकड़े को उबालने के मामले में मंगलवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। अपराध के बारे में विवरण देते हुए पुलिस ने इस कृत्य को दुर्लभतम और बर्बर प्रकृति का बताया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपित ने इस अपराध को अंजाम देने से पहले अपने बच्चों को एक रिश्तेदार के घर छोड़ दिया था। राचकोंडा के आयुक्त सुधीर बाबू ने पूरे मामले से पर्दा उठाते हुए बताया कि 16 जनवरी को आरोपित का अपनी पत्नी से झगड़ा हुआ था।
आरोपित 16 जनवरी को सुबह 10 बजे से शाम करीब छह बजे तक हत्या करने से लेकर शव को ठिकाने लगाने तक का काम किया। इस दौरान उसने उसका सिर दीवार पर दे मारा। वो गिर गई। इसके बाद उसने अपनी पत्नी की गला घोंटकर हत्या कर दी।
हत्या को छिपाने के लिए उसने शव को छोटे-छोटे टुकड़ों में काट दिया। उसे बाल्टी में रख दिया। फिर उसने वाटर हीटर के जरिए पानी गरम किया। टुकड़ों को उबाला और बाद में सिंगल बर्नर गैस स्टोव पर जला दिया। इसके बाद आरोपित ने पत्थर के रोलर से हड्डियों को पीसकर चूर्ण बना दिया। उस चूर्ण और मांस के छोटे-छोटे टुकड़ों को टॉयलेट में फेंक दिया और कई बार पानी से फ्लश किया।
बची हुई हड्डियों के अवशेषों को घर के कूड़ेदान में रख दिया गया, ताकि बाद में उनका निपटान किया जा सके। जलने के दौरान घर में होने वाले दुर्गंध को कम करने के लिए उसने दरवाजे और रसोई की खिड़कियां खुली रखीं। इस वारदात के दौरान किसी को भनक नहीं लगी।
यह बर्बरता की पराकाष्ठा - कमिश्नर
आरोपित 16 जनवरी को सुबह 10 बजे से शाम करीब छह बजे तक हत्या करने से लेकर शव को ठिकाने लगाने तक का काम किया। इसके बाद में उसने सुबूतों के किसी भी निशान को मिटाने के लिए डिटर्जेंट और फिनाइल का इस्तेमाल करके बाथरूम को साफ कर दिया।
इस वारदात पर हैरानी जताते हुए आयुक्त ने कहा कि मैं समझ नहीं पा रहा हूं कि कोई व्यक्ति इस तरह का व्यवहार कैसे कर सकता है। यह बर्बरता की पराकाष्ठा है। किसी की हत्या करने का यह सबसे दुर्लभ तरीका है।

ग्वालियर कलेक्टर और नगर निगम आयुक्त की जनगणना में सराहनीय भूमिका
DGCA ने Air India पर लगाया 1 करोड़ का जुर्माना
एमपी विधानसभा के बजट सत्र में हाई अलर्ट,परिसर में अंगरक्षकों की एंट्री पर रोक
9 साल के बच्चे ने सिंधिया को खून से लिखा पत्र
असम में ‘मिया’ मुसलमानों को लेकर क्यों तेज हुई सियासी मुहिम? विवादित वीडियो से बढ़ा राजनीतिक टकराव